विमर्श

Discussions

संपादकीय

उनकी जुमलेबाजी और झूठ की कोई थाह नही

देश के प्रधानमंत्री ने पूर्वांचल एक्सप्रेस वे का शिलान्यास करते हुए फिर एकबार मुस्लिम महिलाओं और तीन तलाक का राग छेडा और कांग्रेस को निशाना बनाते हुए स्वतंत्रता संग्राम का नेतृत्व करने वाली पार्टी को केवल पुरूषों और वह भी मुस्लिम पुरूषों की पार्टी बताने का प्रयास किया। जाहिर है […]

संपादकीय

भाजपा 2019 में जीतती है तो भारत ‘‘हिंदू पाकिस्तान‘‘ नही ब्राहमणवादी हिंदू राष्ट्र बन जायेगा

कांग्रेस नेता शशि थरूर का बयान सुर्खियों में है। उन्होंने कहा कि यदि 2019 में भाजपा जीतती है तो वह ‘‘हिंदू पाकिस्तान‘‘ बन जायेगा। थरूर के इस बयान से जहां कांग्रेस ने उन्हें शब्द चुनने की सीख दी है तो वहीं भाजपा ने उन जवाबी हमला बोला है। पंरतु वास्तविकता […]

आलेख विमर्श

कितने राष्ट्रवादी और देशभक्त थे श्यामा प्रसाद मुखर्जी

महेश राठी श्यामा प्रसाद मुखर्जी का जन्म 6 जुलाई 1901 को हुआ था, जाहिर है आज भाजपा और संघ के लिए उन्हें याद करने का अवसर है। परंतु यहां सवाल यह है कि क्या श्यामा प्रसाद मुखर्जी किसी भी दृष्टि से राष्ट्रवादी अथवा देशभक्त कहे जा सकते हैं। यदि देश […]

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फासीवाद का औजार झूठ और अफवाहें

महेश राठी फासीवाद एक आधुनिक विचारधारा है जो पुरातनपन्थी और आधुनिकता-विरोधी, जनवाद और समानता विरोधी विचारों का अवसरवादी इस्तेमाल करते हुए एक नयी किस्म की राजसत्ता की स्थापना का प्रयास करता है और सफल होने पर सबसे नग्न किस्म की तानाशाही को लागू करके पूंजीवादी हितों की रक्षा करता है। […]

संपादकीय

“रेप राज्य” में अपराध को हिंदू मुसलमान बनाना भगवा भक्तों के संघी संस्कार

देश में जनसंख्या के मामले में पांचवे पायदान पर खड़ा मध्य प्रदेश बलात्कार के दर्ज मामलों को लेकर देश का रेप राज्य कहलाने का हकदार हो गया है। रेप राज्य के भक्त मंदसौर में एक सात की मासूम बच्ची के साथ हुए निर्मम और भयावह काण्ड़ के बाद भी अपना […]

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नोटबंदी के बाद भाजपा अध्यक्ष ने बैंक में जमा की सबसे ज्यादा रकम

कृष्णा झा यह नोटबंदी की घोषणा के केवल पांच दिन बाद हुआ। अहमदाबाद जिला सहकारी बैंक ने सबसे अधिक पुराने नोटों को बदलने के लिए इनाम जीता, यह सारे पांच सौ और एक हजार के नोट थे जिन्हें जिन्हें सबसे कम दिनों में नये नोटों में बदला गया। बदले गये […]

आलेख

लालू प्रसाद: फ़िरकापरस्ती के फन को कुचल के रख देने वाला सामाजिक न्याय का योद्धा

जयंत जिज्ञासु सांप्रदायिक शक्तियों के ख़िलाफ़ अचल-अडिग डटे रहने वाले बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री व देश के पूर्व रेलमंत्री लालू प्रसाद का आज 71वाँ जन्मदिन है। मनुस्ट्रीम मीडिया जिन्हें ‘चाराचोर’ के नाम से बदनाम करती है, उन्हें मैं 6 विश्विद्यालय खोलने वाले मुख्यमंत्री के तौर पे जानता-मानता-सराहता हूँ। अगर रीढ़ […]

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अब चम्बल डकैतों के लिए नहीं, इस संग्रहालय के लिए जाना जाएगा, दुनियां के शोधार्थी हो रहे आकर्षित

शाह आलम अन्तर्राष्ट्रीय आर्काइव्स डे (9जून) पर विशेष (बीहड़ और बागियों के लिए कुख्यात चम्बल में स्वाधीनता आंदोलन की भी एक लंबी और निर्णायक लड़ाई लड़ी गई है। उसके संघर्षों का भी अपना एक स्वर्णिम इतिहास रहा है। इस इतिहास पर अभी तक किसी की नजर नहीं पड़ी या जानबूझकर […]

संपादकीय

भगवा आतंकी की रक्षा के लिए दलित गिरफ्तारियां

दुनिया की सबसे बड़ी और दीर्घकालिक शोषण व्यवस्था अपने अस्तित्व और वर्चस्व के लिए फिर से हमलावर है। उसका हमला उत्पीड़न के नये रूपों और नई साजिशों के रूप में रोजाना सामने आ रहा है। वह अपने वर्चस्व को बनाये रखने के लिए नयी अवधारणाएं गढ़ती है, नये नायक और […]

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ईवीएम मशीन पर उठते सवाल और सवालों से ठिठका लोकतंत्र

महेश राठी मशीन के इस दौर में मशीन इंसानी जिंदगी का एक जरूरी हिस्सा बन गया है मशीन इंसानों को सुविधा देने और उसके कामों को सटीक और सही बनाने का साधन है। परंतु एक मशीन ऐसी भी है जिस पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। और यह सवाल कोई […]