भाजपा सांसद ने जिन्ना को बताया महापुरूष, किया जिन्ना की तस्वीर का समर्थन

आईएनएन भारत डेस्क
बहराइचः बहराइच से भाजपा की सांसद ने शुक्रवार को अपने एक बयान में देश का बंटवारा करके पाकिस्तान का निर्माण करने वाले मोहम्मद अली जिन्ना को एक महापुरूष बता दिया। परंतु उनके बयान पर अभी तक भाजपा की ना कोई प्रतिक्रिया आयी है ना ही उन्हें बाहर का रास्ता दिखाने की कोई प्रक्रिया भाजपा ने शुरू की है। भाजपा सांसद सावित्री बाई फूले लगातार पार्टी के खिलाफ बयान देकर बागी रुख अख्तियार किये हैं। शुक्रवार को उन्होंने पार्टी लाइन तोड़ते हुए न केवल जिन्ना को महापुरुष ठहराया बल्कि नीची जाति के साथ राज्य सरकार में हो रहे भेदभाव पर भी सवाल उठा डाले।

सवित्री बाई फूले ने जिन्ना को महापुरूष बताने के अलावा राज्य सरकार में मंत्री ओमप्रकाश राजभर के बयान को उद्धृत करते हुए यह भी कह डाला कि राजभर सही कहते हैं कि नीची जाति का मंत्री होने के कारण अफसर उन्हें प्रोटोकाल के तहत वह सम्मान नहीं देते जिसके कि वह हकदार हैं।

बहराइच से सटे सलारपुर गांव में गुरुवार देर आयोजित चैपाल में हुई सभा में यह बयान दिया। गुरूवार शाम भाजपा सांसद सावित्री बाई फूले ने चैपाल में कहा कि देश को आजाद कराने के लिए तमाम महापुरुषों ने बलिदान दिया है। उनमें मुहम्मद अली जिन्ना भी शामिल हैं। ऐसे महापुरुष की तस्वीर की जहां जरूरत हो उस जगह पर लगाई जानी चाहिए।

उन्होंने भाजपा पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि जब बहुजन समाज अपने अधिकारों के लिए मुखर हो रहा है, तो असल मुद्दों, गरीबी भूखमरी से ध्यान हटाने के लिए जिन्ना के तस्वीर के मामले को उठाया जा रहा है। इससे मैं सहमत नहीं हूं।

सांसद ने अपने साथ जातिगत भेदभाव का सवाल प्रमुखता से उठाया। सांसद ने कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर के पिछड़ों की उपेक्षा के बयान को सही बताया। कहा कि ऐसा उनके साथ भी होता रहा है। उन्हें वाजिब मान सम्मान नहीं मिला। अपने दर्द को साझा करते हुए उन्होंने कहा कि उन्हें भारत की सांसद न कह कर दलित सांसद कहा जाता है। सांसद ने कहा कि अगर उन्हें वाजिब सम्मान मिला होता तो आंदोलन नहीं करतीं। उनका सवाल सही भी है क्योंकि यदि उन्हें दलित सांसद कहा जाता है तो अरूण जेटली को ब्राहमण सांसद, राजनाथ सिंह को राजपूत सांसद और गिरिराज सिंह को भूमिहार सांसद आदि कहा जाना चाहिए।