गुजरात से भी उठने लगी आसिफा के लिए न्याय की मांग

आईएनएन भारत डेस्क
अहमदाबादः गुजरात के लोगों ने इंसानियत की मिसाल पेश करते हुए कठुआ की आसिफा के लिए कैंडिल मार्च निकाल कर न्याय की मांग की। गुजरात की यह जगह कभी 2002 के दंगों में नरसंहार और भयावह त्रासदी के लिए के लिए जानी जाती थी। यह अबात है, नरोदा गाम की। जहाँ 2002 के दंगों में इंसानियत को शर्मसार करने वाला नरसंहार और भाईचारा खत्म हुआ था।

मगर अब सूरतेहाल बदला हैं। ये मंजर उस जगह का है, जहाँ 16 साल पहले धर्म के नाम पर इंसान एक दूसरे का खून पीने के लिए बैचेन था। आज उसी जगह के लोगों ने मासूम बच्ची आसिफा के लिए कैंडिल मार्च निकाल कर न्याय की मांग की है।

नरोदा गाम में निकाले गए कैंडिल मार्च में दोनों धर्मों के लोग हिन्दू और मुस्लिम ने मिलकर शांतिपूर्वक कैंडिल मार्च निकाला। दोनों समुदाय की यह पहल भाजपा के लिए परेशानी का सबब बन सकती है। क्योंकि 16 साल पहले भाजपा ने जो जहर घोला था, उसका असर अब खत्म होने लगा है।

बात यहाँ हिन्दू मुस्लिम की नहीं हैं। जिस तरह से देश में छोटी छोटी बच्चियों के साथ बलात्कार की घटनाएं बढ़ रही हैं, उसके लिए हमें आपसी भाईचारा निभाते हुए सब को एकजुट होना होगा।