मेरठ के मवाना में डाॅ. अंबेडकर की मूर्ति तोड़ी गई, कार्रवाई ना होने पर सपा ने दी कलेक्ट्रेट घेरने की चेतावनी

आईएनएन भारत डेस्क

मवानाः देश में सबसे ज्यादा बार किसी की मूर्ति गिराये जाने और फिर सबसे ज्यादा मूर्तियां लगने का कोई कीर्तिमान यदि माना जाये तो वह बेशक बाबासाहेब डाॅ. अंबेडकर का माना जायेगा और लाल और भगवा के मूर्ति ध्वंस के खेल में बाबासाहेब की प्रतिमा फिर से एक बार ब्राहमणवादी आतंक का शिकार हो गयी है। मवाना खुर्द में कुछ लोगों ने फिर से बाबा साहब डा. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा को निशाना बनाया प्रतिमा को क्षतिग्रस्त किया। इस इलाके में साल में यह डाॅ. अंबेडकर की प्रतिमा को गिराने की यह दूसरी घटना है। घटना से क्षुब्ध वंचित समाज के लोगों ने बुधवार सुबह मेरठ-पौड़ी हाईवे पर जाम लगाकर धरना दिया।

बाबासाहब की मूर्ति गिराने के बाद वंचित समाज के आक्रोश का पांच घंटे तक एसडीएम और सीओ को सामना करना पड़ा। स्थानीय प्रशासन ने किसी तरह से इस मामले का निपटारा नई प्रतिमा स्थापित कराकर किया।

मवाना खुर्द में मेरठ-पौड़ी हाईवे स्थित तालाब किनारे बाबा साहब डा. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा स्थापित थी, जिसे कुछ शरारती तत्वों ने गत मंगलवार रात क्षतिग्रस्त कर दिया था। सुबह घटना की जानकारी होने पर डा. बीआर आंबेडकर उत्थान समिति मवाना के अध्यक्ष सुनित जाटव, राजकमल, संजय, मुनेंद्र, सचिन व विक्की आदि की अगुवाई में दलित समाज के लोगों ने दोषियों पर कार्रवाई और नई प्रतिमा लगवाने की मांगकर को मेरठ-पौड़ी हाईवे पर जाम लगा दिया और धरने पर बैठ गए। पुलिस बल के साथ धरना स्थल पर पहुंचे एसडीएम अंकुर श्रीवास्तव, सीओ यूएन मिश्र व इंस्पेक्टर मवाना ब्रिजेश कुशवाहा ने नई प्रतिमा की स्थापना कराने का आश्वासन देकर लोगों को हाईवे से हटवाने का प्रयास किया।

इस बीच हस्तिनापुर से दूसरी प्रतिमा मंगवाई गई। लेकिन प्रदर्शनकारी प्रतिमा स्थल की चहारदीवारी कराने व बड़ी प्रतिमा लगाने पर अड़ गए। करीब पांच घंटे तक हंगामा चलता रहा। दोपहर एक बजे के करीब प्रशासनिक अधिकारियों ने डा. आंबेडकर की औसत कद प्रतिमा स्थापित कराकर मामले का निपटारा किया। उक्त मामले में अज्ञात आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।

घटना के संबंध में सपा नेता अतुल प्रधान ने मांग की है कि डा. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा खंडित करने वालों के खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई हो, वरना कलक्ट्रेट घेरेंगे।