पद्मावत: करणी सेना का यू-टर्न, माना सुरक्षित है राजपूत गौरव, अब फिल्म प्रदर्शित करने के लिए संघर्ष

आईएन एन भारत डेस्क:

नई दिल्ली: करणी सेना ने फ़िल्म पद्मावत में कुछ भी आपत्तिजनक न होने के बावजूद उसे बैन कराने पर अड़ी रहने के बाद, अब यू-टर्न ले लिया है। इतना ही नहीं, जिन राज्यों में फ़िल्म बैन है, वहां इसे रिलीज कराने में मदद करने का आश्वासन भी करणी सेना दे रही है।

बात दें कि फ़िल्म पद्मावत का नाम एक माह पहले तक पद्मावती था। करणी सेना द्वारा हो रहे लगातार विरोध के कारण नाम बदलकर पद्मावती से पद्मावत किया गया था। करणी सेना का कहना था कि इस फ़िल्म में पद्मावती को घूमर डांस करते हुए दिखाया गया है। राजपूतो की रानियां किसी के सामने डांस नहीं  करती हैं। इससे कथित तौर पर राजपूतों की भावनाओ को ठेस पहुंची थी। करणी सेना ने कई दिनों तक विरोध प्रदर्शन, तोड़- फोड़, आगज़नी और हिंसा की। गुजरात, राजस्थान, मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेश जैसे राज्यो में फ़िल्म पर बैन लगा दिया गया। मध्यप्रदेश और राजस्थान सरकार तो फ़िल्म के रिलीज पर रोक लगाने के लिए सुप्रीम कोर्ट तक पहुँच गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने फ़िल्म रिलीज़ करने का आदेश दिया था। उसके बाद ही फ़िल्म बॉक्स ऑफिस पर प्रदर्शित हुई। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाबजूद करणी सेना को आम जनता को धमकी देते देखे गया। अभी भी मध्यप्रदेश, राजस्थान, गुजरात जैसे राज्यो में फ़िल्म के प्रदर्शन पर बैन हैं।

दरअसल कहा जा रहा है कि शुक्रवार को करणी सेना के मुंबई अध्यक्ष योगेंद्र सिंह समेत अन्य लोगों ने फिल्म देखी और पाया कि फिल्म में कुछ भी आपत्तिजनक नहीं है। यह राजपूतों की वीरता और बलिदान को महिमामंडित करती है और हर राजपूत को इस पर गर्व होगा। इसके बाद उन्होंने अपना विरोध वापस लेने का फैसला किया है। योगेंद्र सिंह ने कहा कि करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह के निर्देशों के बाद फ़िल्म देखने का फैसला लिया गया है। इस संदर्भ में योगेंद्र सिंह ने एक चिट्ठी भी लिखी है।

करणी सेना द्वारा जारी चिट्टी में कहा गया है, ‘हमने 2 फरवरी को पद्मावत देखी है। इसमें राजपूतों की वीरता और त्याग का सुंदर चित्रण है। यह फिल्म रानी पद्मावती की महानता को समर्पित है। इसमें रानी पद्मावती और अलाउद्दीन खिलजी के बीच कोई सीन नहीं है। हम इस फिल्म से पूर्णत: संतुष्ट हैं, इसलिए हम आंदोलन को बिना शर्त वापस लेते हैं और आश्वासन देते हैं कि इस फिल्म को राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश और भारत के सभी सिनेमाघरों में प्रदर्शित करने में सहायता करेंगे।’