पूर्व सांसद प्रकाश अम्बेडकर ने महाराष्ट्र बंद करने का एलान किया था

आईएन एन भारत डेस्क:

पूणे। महारष्ट्र के भीम कोरेगांव में हुए विवाद को लेकर दलितों ने मंगलवार को राज्य के बहुत सारी जगह पर हिंसा किया है. बंद के दौरान जगह जगह गाड़ियों को जलाकर रास्ता और ट्रेन को रोका गया. माहौल इतना गरम है की दलितों ने आज महाराष्ट्र बंद करने का आवाहनं किया है. सोमवार शाम को पूणे के भीम कोरेगांव में एक दलित के मौत के बाद हिंसा का यह तांडव शुरू हुआ था.

1818 में भीम कोरेगांव में ब्रिटिश और पेशवा के बीच युद्ध हुआ थाजिसमे कहा जाता हैं कि दलितों ने अंग्रेजों के साथ मिलकर पेशवा राजा को हराया था. इस अवसर पर दलितों ने 200 वर्ष पूरे होने पर शौर्य दिवस के रूप में मना रहे थे.

दलितों की इस उत्सव को  कुछ दक्षिण पंथी गोष्ठी अखिल भारतीय ब्राह्मण महासंघ ने विरोध किया था. महासंघ का कहना था की ऐसा उत्सव जातीयता विरोधी काम हैजिसके चलते दोनों गोष्ठी में संघर्ष हुआ. उस संघर्ष में एक दलित युवक की मौत हो गई और गंभीर रूप से घायल हुए. युवक के मौत के बाद दलित समाज ने मंगलवार  को पुरे राज्य हिंसा किया. हिंसा में 20सरकारी गाड़ीयों को तोड़ दिया गया है.

संविधान निर्माता डॉक्टर आम्बेडकर के पोते और पूर्व सांसद प्रकाश अम्बेडकर ने इस घटना को लेकर पुरे महाराष्ट्र बंद का एलान किया है. वहीँ कांग्रेस प्रमुख राहुल गाँधी इस हिंसा के लिये बीजेपी और आरएसएस को दोषी ठहराया है. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फड़नवीस इस मामले को लेकर एक विचार कमेटी बनाई है और मरे हुए युवक के परिवार को 10 लाख रूपये देने की घोषणा की है.